निर्वाचन आयोग
azadi ka amrit mahotsav

चुनाव आयोग की बैठक आज यानी 26 सितम्बर को दोपहर 3:00 बजे आयोजित की गई।

प्रविष्टि तिथि: 26 SEP 2026 7:11PM by PIB Bhopal

बैठक में निम्नलिखित निर्णय लिए गए:

i. चल रही SIR के दौरान जिन व्यक्तियों को अनमैप्ड (Unmapped) होने और तार्किक विसंगतियों (Logical Discrepancies) के कारण नोटिस जारी किया गया है, उनके घर BLO जाकर दस्तावेज एकत्र करेंगे और इसके बाद उन्हें ECI-NET पर अपलोड करेंगे, ताकि ERO इस पर निर्णय ले सकें। ऐसे व्यक्तियों को ERO/AERO कार्यालय में सुनवाई के लिए बुलाने की जरूरत नहीं होगी। केवल विशेष परिस्थितियों में, ERO के निर्णय के अनुसार, सुनवाई की जाएगी और इसे प्राथमिकता के आधार पर ऑनलाइन किया जाएगा। जरूरत पड़ने पर कोई भी वयस्क परिवार सदस्य मतदाता द्वारा अधिकृत किए जाने पर उसकी ओर से सुनवाई में शामिल हो सकता है। ऑनलाइन सुनवाई की सुविधाओं को और मजबूत किया जाएगा।

ii. DEO (जिला निर्वाचन अधिकारी) जरूरत के अनुसार रैन बसेरों में रहने वाले लोगों, मजदूरों, गरीब लोगों, बेघर लोगों आदि के लिए पर्याप्त संख्या में हेल्प डेस्क बनाएंगे/विशेष शिविर लगाएंगे।

iii. SIR के लिए Form 6 के साथ संलग्न घोषणा को माननीय सर्वोच्च न्यायालय ने बरकरार रखा है। गैर-SIR अवधि के लिए, नियमों (Registration of Electors Rules, 1960) के अनुसार लागू फॉर्म का इस्तेमाल किया जाएगा।

iv. फील्ड अधिकारियों को उनकी कानूनी शक्तियों के अनुसार ECINET सिस्टम में उनकी भूमिका के आधार पर पहुंच (Role-based Access) दी गई है। वरिष्ठ उप निर्वाचन आयुक्त (DEC) की अध्यक्षता में एक समिति, जिसमें IIT/IIIT के एक स्वतंत्र विशेषज्ञ भी शामिल होंगे, ECINET की समीक्षा करेगी ताकि यह दोबारा जांचा जा सके कि यह अधिनियमों और नियमों के प्रावधानों का पालन करता है और अपनी रिपोर्ट आयोग को सौंपे। पिछले कुछ महीनों में राज्य के CEO से मिले सुझावों के आधार पर पोर्टल में कई सुधार पहले ही किए जा चुके हैं। यदि फील्ड अधिकारियों को आगे किसी अतिरिक्त सुविधा या बदलाव की जरूरत होगी, तो उसे भी लागू किया जाएगा। अब से IT मॉड्यूल और पोर्टल से जुड़ी सभी नई पहलों पर आयोग की मंजूरी से पहले Committee of Officers (COO) में चर्चा की जाएगी।

v. CEO दिल्ली से मिले अनुरोध को देखते हुए, आयोग ने दावे और आपत्तियां दाखिल करने की अवधि 30 अक्टूबर, 2026 तक बढ़ा दी है। नोटिस और दावों एवं आपत्तियों के निपटारे की अवधि 30 नवंबर 2026 तक बढ़ा दी गई है। साथ ही, CEO महाराष्ट्र से मिले अनुरोध के अनुसार, महाराष्ट्र में दावे और आपत्तियां दाखिल करने की अवधि आयोग ने 12 अक्टूबर, 2026 तक बढ़ा दी है। महाराष्ट्र में नोटिस और दावों एवं आपत्तियों के निपटारे की अवधि 10 नवंबर 2026 तक बढ़ा दी गई है।

vi. आयोग की सभी बैठकों के लिए एजेंडा पहले से भेजा जाएगा और बैठक की कार्यवाही (Minutes) जारी की जाएगी।

vii. APARs (वार्षिक प्रदर्शन मूल्यांकन रिपोर्ट) सभी अधिकारियों की निर्धारित समय सीमा के भीतर, यानी हर साल 31 दिसंबर तक पूरी की जाएंगी।

viii. अधिकारियों की विदेश यात्राओं के लिए आयोग की मंजूरी ली जाएगी।

ix. आयोग के आयुक्तों द्वारा आयोग के अधिकारियों को दिए गए सभी निर्देशों का पूरी तरह से पालन किया जाएगा।

2. 20 राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों में SIR पहले ही पूरा हो चुका है, जिनमें बिहार और पश्चिम बंगाल भी शामिल हैं। कोई भी व्यक्ति जिसका नाम SIR के दौरान या उसके बाद मतदाता सूची में शामिल नहीं हो पाया है, और कोई भी व्यक्ति, जिसमें युवा/पहली बार वोट देने वाले मतदाता भी शामिल हैं, अपना नाम मतदाता सूची में शामिल कराने के लिए लगातार चलने वाली अपडेट प्रक्रिया के तहत संबंधित ERO के पास आवेदन कर सकता है। CEOs को इसकी सुविधा उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं। CEOs, DEOs और EROs इन मतदाताओं के नाम दर्ज करने के लिए तुरंत विशेष अभियान शुरू करेंगे।

3. यह भी दोहराया जाता है की 

i. कैबिनेट सचिव को भेजा गया पत्र आयोग या IT विभाग की किसी नीति से संबंधित नहीं था, बल्कि ECI में प्रतिनियुक्ति (Deputation) पर आए एक अधिकारी के काम से संबंधित था। संबंधित अधिकारी द्वारा जारी किए गए कार्यों के पुनर्वितरण के आदेश दो आयुक्तों के निर्देश के बाद वास्तव में लागू नहीं किए गए थे और IT विभाग की निगरानी DEC से कभी वापस नहीं ली गई थी।

ii. हाल के महीनों में आयोग ने देशभर में SIR सहित कई निर्णय लिए हैं। सभी राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों के लिए 24.6.2025 को जारी SIR का आदेश, जिसकी शुरुआत बिहार से हुई और उसके बाद पश्चिम बंगाल तथा 30 अन्य राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों में लागू किया गया, आयोग की सर्वसम्मत मंजूरी से जारी किया गया था। इसे भारत के माननीय सर्वोच्च न्यायालय ने 27.5.2026 के अपने आदेश के माध्यम से बरकरार रखा है। 12 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के लिए SIR का कार्यक्रम 27.10.2025 को और 19 राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों के लिए 14.05.2026 को आयोग की सर्वसम्मत मंजूरी से जारी किया गया था। मतदाताओं की अंतिम संख्या केवल शेष 12 राज्यों में चरण-III के अंतिम प्रकाशन के बाद ही पता चलेगी।

iii. CEO गोवा ने संबंधित BLOs को उन मतदाताओं के घर-घर जाकर फॉर्म एकत्र करने का निर्देश दिया है, जो फॉर्म जमा नहीं कर पाए थे। 97 में से 81 मतदाता पहले ही नाम शामिल कराने के लिए Form 6 भर चुके हैं।

4. यह प्रेस नोट 26.09.2026 को हुई आयोग की बैठक में लिए गए निर्णयों के अनुसार जारी किया गया है और इसे पूरे आयोग की मंजूरी प्राप्त है।

मुख्य निर्वाचन आयुक्त श्री ज्ञानेश कुमार, निर्वाचन आयुक्त डॉ. एस. एस. संधू और डॉ. विवेक जोशी 26 सितंबर 2026 को दोपहर 3 बजे नई दिल्ली स्थित निर्वाचन सदन में हुई निर्वाचन आयोग की बैठक में।

***


(रिलीज़ आईडी: 2315342) आगंतुक पटल : 153