वाणिज्‍य एवं उद्योग मंत्रालय
azadi ka amrit mahotsav

इंडसफूड 2026 वैश्विक खाद्य व्यापार में भारत के बढ़ते नेतृत्व को प्रदर्शित करेगा


भारत-यूएई फूड कॉरिडोर लॉन्‍च किया जाएगा; एपीईडीए की 'भारती पहल' एग्री-फूड स्टार्टअप्स को बढ़ावा देगी

प्रविष्टि तिथि: 07 JAN 2026 3:14PM by PIB Delhi

भारत की प्रमुख वैश्विक खाद्य एवं पेय पदार्थ (एफ एंड बी) सोर्सिंग प्रदर्शनी, इंडसफूड 2026 का 9वां संस्करण 8 से 10 जनवरी 2026 तक ग्रेटर नोएडा स्थित इंडिया एक्सपो सेंटर एंड मार्ट में आयोजित किया जाएगा। भारतीय व्यापार संवर्धन परिषद (टीपीसीआई) द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम का उद्देश्य वैश्विक खाद्य आपूर्ति श्रृंखलाओं में एक विश्वसनीय और प्रतिस्पर्धी भागीदार के रूप में भारत की स्थिति को और सुदृढ़ करना है।

एशिया के प्रमुख खाद्य एवं पेय व्यापार मेले के रूप में ब्रांडेड, इंडसफूड 2026 अग्रणी भारतीय खाद्य उत्पादकों, अंतरराष्ट्रीय खरीदारों, नीति निर्माताओं, उद्योग जगत के अग्रणी व्‍यक्तियों और वैश्विक संस्थानों को एक ही मंच पर एक साथ लाएगा ताकि व्यापार सहयोग, द्विपक्षीय जुड़ाव और दीर्घकालिक साझेदारी को सुविधाजनक बनाया जा सके।

इस कार्यक्रम का औपचारिक उद्घाटन केंद्रीय खाद्य प्रसंस्करण उद्योग मंत्री श्री चिराग पासवान करेंगे, जो भारत के खाद्य प्रसंस्करण इकोसिस्‍टम को सुदृढ़ करने, निर्यात प्रतिस्पर्धात्मकता बढ़ाने और भारतीय खाद्य उत्पादों के लिए वैश्विक बाजार पहुंच का विस्तार करने के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।

इंडसफूड 2026 का एक प्रमुख आकर्षण अबू धाबी फूड हब द्वारा शुरू की गई भारत-यूएई फूड कॉरिडोर जैसी पहलों का शुभारंभ होगा, जिसका उद्देश्य खाद्य सुरक्षा को बढ़ाना, आपूर्ति श्रृंखलाओं को सुव्यवस्थित करना और द्विपक्षीय खाद्य व्यापार प्रवाह को गति देना है। एक अन्य महत्वपूर्ण आकर्षण सऊदी अरब के प्रदर्शक अलसलान द्वारा 75 वर्ष पूरे होने का समारोह होगा। यह सांस्कृतिक और वाणिज्यिक प्रदर्शनी सऊदी अरब की खाद्य व्यापार की दीर्घकालिक विरासत और भारत के साथ उसकी मजबूत होती साझेदारी को रेखांकित करती है।

इस प्रदर्शनी में 120 से अधिक देशों के प्रतिभागियों के शामिल होने की उम्मीद है, जिनमें हजारों सत्यापित वैश्विक खरीदार और कई उच्च स्तरीय अंतरराष्ट्रीय व्यापार प्रतिनिधिमंडल शामिल हैं।

इंडसफूड 2026 में वैश्विक व्यापार और लॉजिस्टिक्स के लिए समर्पित मंच भी होंगे, जिनमें डी पी वर्ल्ड द्वारा आयोजित एक विशेष 'भारत मार्ट' सत्र शामिल है। यह सत्र निर्यात अवसंरचना, लॉजिस्टिक्स एकीकरण और नीति-स्तरीय संवाद पर केंद्रित होगा, जिसका उद्देश्य भारत की निर्यात प्रतिस्पर्धात्मकता को बढ़ावा देना है। पाक कला कूटनीति और सांस्कृतिक जुड़ाव के क्षेत्र में, प्रथम विश्व पाक कला विरासत सम्मेलन का आयोजन किया जाएगा, जिसमें अंतरराष्ट्रीय और भारतीय शेफ, नीति निर्माता और उद्योगपति विरासत संरक्षण और नवाचार पर विचार-विमर्श करने के लिए एक साथ आएंगे।

कौशल विकास और पाक कला नेतृत्व एक अन्य प्रमुख क्षेत्र होगा, जिसके तहत आईएफसीए के सहयोग से इंडिया इंटरनेशनल सेंटर फॉर कलिनरी लीडरशिप (आईआईसीसीएल) 150 शेफ के लिए पांच दिवसीय आवासीय कार्यक्रम आयोजित करेगा, जिसमें लेवल-1 'एंबेसडर ऑफ इंडियन कुज़ीन' प्रमाणन प्रदान किया जाएगा। उच्च स्तरीय सांस्कृतिक कार्यक्रमों में वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय द्वारा मंत्रियों, राजदूतों, वैश्विक खरीदारों और अंतर्राष्ट्रीय प्रतिनिधिमंडलों के लिए ताज पैलेस में आयोजित 'इंडिया ऑन ए प्लेटर'  भव्‍य डिनर शामिल होगा।

इस प्रदर्शनी में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर आयोजित होने वाले टेस्टिंग और इनोवेशन प्‍लेटफॉर्म्स का भी आयोजन किया जाएगा, जिनमें साइप्रस द्वारा पनीर और वाइन टेस्टिंग जैसे विशेष सत्र और एपीडा की 'भारती पहल' शामिल हैं। इसके तहत शार्क टैंक शैली के पिच सत्रों के माध्यम से भारत के नवोन्मेषी एग्री-फूड स्टार्टअप्स को वैश्विक खरीदारों के सामने प्रस्तुत किया जाएगा। एफआईएफआई, एफएचआरएआई और केएसबीए जैसे उद्योग निकायों के साथ सुनियोजित सहयोग से ज्ञान का आदान-प्रदान, नेटवर्किंग और क्षेत्रीय सहयोग को बढ़ावा मिलेगा।

इंडसफूड 2026 में कई उच्च स्तरीय वैश्विक प्रतिनिधिमंडलों की मेजबानी की जाएगी। इनमें तुर्की के व्यापार संघ के नेता, वर्ल्डशेफ्स के अध्यक्ष शेफ एंडी कर्टबर्ट और एशिया कंटीनेंटल के निदेशक शेफ विलमेंट लियोंग, साथ ही वरिष्ठ सरकारी अधिकारी और प्रमुख सुपरमार्केट श्रृंखलाओं का प्रतिनिधित्व करने वाले फिजी के खुदरा खरीदार शामिल हैं।

सुरक्षित, ट्रैसिएबल, टिकाऊ और नैतिक रूप से प्राप्त खाद्य पदार्थों की वैश्विक मांग में वृद्धि के साथ, इंडसफूड 2026 भारतीय उत्पादकों को वैश्विक बाजारों से जोड़ने के लिए एक महत्वपूर्ण मंच के रूप में कार्य करेगा। नवाचार, स्थिरता, मूल्यवर्धित खाद्य प्रसंस्करण और निर्यात-आधारित विकास पर विशेष ध्यान देने के साथ, यह आयोजन भारत के खाद्य व्यापार विस्तार के अगले चरण के लिए उत्प्रेरक का काम करेगा, जिससे सहयोग, निवेश और वैश्विक प्रतिस्पर्धा के नए द्वार खुलेंगे।

****

पीके/केसी/एसकेजे/जीआरएस


(रिलीज़ आईडी: 2212102) आगंतुक पटल : 364
इस विज्ञप्ति को इन भाषाओं में पढ़ें: English , Urdu , Marathi , Manipuri , Tamil