ग्रामीण विकास मंत्रालय
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बिहार में पीएमजीएसवाई का कार्यान्वयन

प्रविष्टि तिथि: 24 MAR 2026 9:41PM by PIB Patna

प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (पीएमजीएसवाई) के विभिन्न कार्यकलापों/घटकों के अंतर्गत बिहार राज्य में 65,599 किलोमीटर लंबाई की कुल 18,768 सड़कों तथा 2,094 पुलों को 41,983 करोड़ रु. की परियोजना लागत पर स्वीकृत किया गया है और इनमें से, योजना के आरंभ से 19.03.2026 तक, 62,503 किलोमीटर लंबाई की 18,535 सड़कें एवं 1,761 पुल, 36,854 करोड़ रु. के व्यय (राज्यांश सहित) से पूर्ण किए जा चुके हैं।

बिहार राज्य में पिछले पाँच वित्तीय वर्षों के दौरान पीएमजीएसवाई के अंतर्गत स्वीकृत, पूर्ण एवं लंबित ग्रामीण सड़क परियोजनाओं का जिलेवार विवरण https://pmgsy.dord.gov.in/dbweb=>Road and Bridge Status पर देखा जा सकता है।

योजना के आरंभ से 19.03.2026 तक बिहार राज्य के किशनगंज जिले में पीएमजीएसवाई के तहत, 1,951 करोड़ रुपये की परियोजना लागत पर 2,027 किलोमीटर लंबाई की 390 सड़कों तथा 250 पुलों को स्वीकृत किया गया है जिसमें से 1,645 करोड़ रुपये के व्यय (राज्यांश सहित) से 1,793 किलोमीटर लंबाई की 366 सड़कें एवं 222 पुलों का निर्माण पूरा किया जा चुका है। दिनांक 19.03.2026 की स्थिति के अनुसार, किशनगंज जिले में 189 किलोमीटर लंबाई की 24 सड़कें एवं 28 पुल निर्माण के लिए शेष हैं। किशनगंज जिले में शेष कार्यों का घटकवार विवरण निम्नानुसार है:

 घटक

सड़कों की संख्या

सड़क लंबाई (किमी)

पुलों की संख्या

पीएमजीएसवाई-I

0

0

1

पीएमजीएसवाई-III

24

189

27

कुल 

24

189

28

प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना-I (पीएमजीएसवाई-I) की पूर्णता की समय-सीमा मार्च 2027 तथा पीएमजीएसवाई-III की समय-सीमा मार्च 2026 निर्धारित है।

इसके अतिरिक्त, पीएमजीएसवाई के क्रियान्वयन हेतु निधियों का आवंटन राज्यों/संघ राज्य क्षेत्रों से प्राप्त प्रस्तावों के आधार पर किया जाता है, जो अन्य बातों के साथ-साथ, वर्तमान कार्यों, राज्य की निष्पादन क्षमता तथा राज्य के पास उपलब्ध पूर्व जारी निधि की अव्ययित शेष राशि पर निर्भर करता है। योजना के क्रियान्वयन हेतु केंद्रीय अंश की निधियाँ राज्यों/संघ राज्य क्षेत्रों को जारी की जाती हैं तथा जिलेवार/उप-जिलेवार आवंटन केवल राज्यों/संघ राज्य क्षेत्रों द्वारा ही किया जाता है।

मंत्रालय द्वारा पीएमजीएसवाई कार्यों के क्रियान्वयन की प्रगति की नियमित समीक्षा कार्य-निष्पादन समीक्षा समिति (पीआरसी) की बैठकें, क्षेत्रीय समीक्षा बैठकें (आरआरएम) तथा राज्यों के साथ पूर्व-अधिकार-प्राप्त/अधिकार-प्राप्त समिति की बैठकें (बिहार राज्य सहित) के माध्यम से की जाती है। उपर्युक्त के अतिरिक्त, ग्रामीण विकास मंत्रालय के सचिव/संयुक्त सचिव द्वारा राज्यों के मुख्य सचिवों/सचिवों के साथ विशेष समीक्षा बैठकें/मासिक समीक्षा बैठकें भी आयोजित की जाती हैं।

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(This statement was given by THE MINISTER OF STATE FOR AGRICULTURE AND FARMERS WELFARE Shri RAMNATH THAKUR in a written reply to a question in Lok Sabha today.)


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