प्रधानमंत्री कार्यालय
प्रधानमंत्री ने ज्ञान, विवेक और दूरदर्शिता के महत्व को रेखांकित करते हुए संस्कृत सुभाषित साझा किया
प्रविष्टि तिथि:
19 JUN 2026 8:15AM by PIB Delhi
प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने कहा है कि ज्ञान, विवेक और दूरदर्शिता जैसे गुण जीवन में सफलता का आधार हैं। उन्होंने रेखांकित किया कि इन गुणों से संपन्न व्यक्ति कठिन से कठिन चुनौतियों का सामना करने और अंततः विजयी होने में सक्षम होता है।
प्रधानमंत्री ने एक संस्कृत सुभाषित साझा किया-
“शास्त्रे प्रतिष्ठा सहजश्च बोधः प्रागल्भ्यमभ्यस्तगुणा च वाणी।
कालानुरोधः प्रतिभानवत्त्वमेते गुणाः कामदुघाः क्रियासु॥”
यह सुभाषित यह संदेश देता है कि किसी विषय का प्रामाणिक ज्ञान, स्वाभाविक विवेक, निर्भय आत्म-विश्वास, अभ्यास से निखरी हुई प्रभावशाली वाणी, समय की मांग को पहचानने की दूरदर्शिता और निरंतर नई सूझ-बूझ—ये छह गुण मनुष्य के हर कार्य में 'कामधेनु' के समान सिद्ध होते हैं, जो प्रत्येक लक्ष्य को प्राप्त करने में सहायक होते हैं।
प्रधानमंत्री ने एक्स पर लिखा;
“ज्ञान, विवेक और दूरदर्शिता जैसे सद्गुण जीवन में सफलता का प्रमुख आधार हैं। इनसे समृद्ध व्यक्ति कठिन से कठिन चुनौतियों में भी विजयी होता है।
शास्त्रे प्रतिष्ठा सहजश्च बोधः प्रागल्भ्यमभ्यस्तगुणा च वाणी।
कालानुरोधः प्रतिभानवत्त्वमेते गुणाः कामदुघाः क्रियासु॥”
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पीके/केसी/डीवी/डीए
(रिलीज़ आईडी: 2274994)
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