संचार मंत्रालय
azadi ka amrit mahotsav

वर्ष 2026–2030 की अवधि के लिए तीन संचार मित्रों का ITU जेनरेशन कनेक्ट यूथ एनवॉय के रूप में चयन


यह सम्मान वैश्विक डिजिटल भविष्य को आकार देने में भारतीय युवाओं की बढ़ती भूमिका को रेखांकित करता है

प्रविष्टि तिथि: 12 AUG 2026 7:27PM by PIB Delhi

भारत के युवाओं के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उभरते डिजिटल भविष्य को सीखने, उसमें भाग लेने, नेतृत्व करने और योगदान देने के अवसर सृजित करने के उद्देश्य से भारत सरकार के दूरसंचार विभाग (DoT) ने भारत के तीन संचार मित्रों के चयन की सुविधा प्रदान की है। इनका चयन अंतरराष्ट्रीय दूरसंचार संघ (ITU) के जेनरेशन कनेक्ट यूथ एनवॉय (GCYE) के रूप में किया गया है। यह चयन ऐसे समय हुआ है जब वैश्विक समुदाय “विभिन्न संदर्भ, समान आकांक्षाएं” विषय के तहत अंतरराष्ट्रीय युवा दिवस 2026 मना रहा है। जेनरेशन कनेक्ट समुदाय ने आज वर्चुअल कार्यक्रम “मशाल आगे बढ़ाना: डिजिटल लीडर्स की पीढ़ियों को जोड़ना” के माध्यम से इस अवसर को चिह्नित किया, जिसमें जेनरेशन कनेक्ट यूथ एनवॉय के निवर्तमान और नए समूहों को एक साथ लाया गया।

दिल्ली के अंकित कुमार पाल, बेंगलुरु के मनीष कुमार मंडल और गुवाहाटी की सुस्मिता साईं को 2026–2030 की अवधि के लिए ITU जेनरेशन कनेक्ट यूथ एनवॉय के तीसरे समूह के लिए चुना गया है। यह चयन दूरसंचार विभाग की संचार मित्र योजना के तहत उनके योगदान की मान्यता में किया गया है। उनका चयन वैश्विक डिजिटल भविष्य को आकार देने में भारतीय युवाओं की बढ़ती भूमिका की महत्वपूर्ण पहचान है।

जेनरेशन कनेक्ट यूथ एनवॉय कार्यक्रम युवाओं को सूचना एवं संचार प्रौद्योगिकी (ICT), डिजिटल परिवर्तन और समावेशी डिजिटल विकास से संबंधित राष्ट्रीय, क्षेत्रीय और वैश्विक चर्चाओं तथा पहलों में योगदान देने के अवसर प्रदान करता है।

यह पहल संचार मित्र योजना के उद्देश्यों के अनुरूप है, जिसका उद्देश्य युवाओं को दूरसंचार और डिजिटल पहलों से जोड़ना तथा उन्हें राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मंचों का अनुभव प्रदान करना है। इस योजना में चयनित संचार मित्रों के लिए ITU जैसे वैश्विक दूरसंचार मंचों में भाग लेने के अवसर उपलब्ध कराने की भी परिकल्पना की गई है।

ITU द्वारा जेनरेशन कनेक्ट यूथ एनवॉय के तीसरे समूह के लिए नामांकन आमंत्रित किए जाने के बाद, दूरसंचार विभाग ने संचार मित्रों में से उपयुक्त उम्मीदवारों की पहचान करने की प्रक्रिया शुरू की। इस प्रक्रिया में ऐसे उम्मीदवारों की तलाश की गई, जिन्होंने युवाओं के नेतृत्व वाली पहलों, डिजिटल समावेशन, ICT शिक्षा एवं कौशल, अनुसंधान एवं तकनीकी गतिविधियों, उद्यमिता एवं नवाचार तथा समुदाय स्तर की ICT पहलों जैसे क्षेत्रों में सक्रिय भागीदारी का प्रदर्शन किया हो।

यह सम्मान भारत की डिजिटल परिवर्तन यात्रा में युवाओं को सक्रिय योगदानकर्ता के रूप में सशक्त बनाने तथा प्रौद्योगिकी, कनेक्टिविटी और समावेशी डिजिटल विकास पर वैश्विक संवाद में युवाओं की भागीदारी मजबूत करने की भारत की प्रतिबद्धता को भी दर्शाता है।

संचार मित्र और ITU जेनरेशन कनेक्ट कार्यक्रम जैसे वैश्विक मंचों के साथ जुड़ाव जैसी पहलों के माध्यम से दूरसंचार विभाग भारत के युवाओं के लिए उभरते डिजिटल भविष्य को सीखने, उसमें भाग लेने, नेतृत्व करने और योगदान देने के अवसर लगातार सृजित कर रहा है।

संचार मित्र के बारे में

संचार मित्र योजना का उद्देश्य युवा शक्ति—भारत के युवाओं को डिजिटल सशक्तीकरण और सामाजिक पहुंच के लिए उत्प्रेरक के रूप में जोड़ना है। संचार मित्र के रूप में नामित छात्र समुदायों, शैक्षणिक संस्थानों, सार्वजनिक स्थानों आदि में जागरूकता अभियान सक्रिय रूप से संचालित करते हैं। इन अभियानों में नागरिक-केंद्रित दूरसंचार सेवाओं, दूरसंचार धोखाधड़ी की रोकथाम और मोबाइल सुरक्षा जैसे प्रमुख दूरसंचार संबंधी मुद्दों पर ध्यान केंद्रित किया जाता है। इसका उद्देश्य डिजिटल सुरक्षा को बढ़ावा देना और दूरसंचार सेवाओं के जिम्मेदार उपयोग को प्रोत्साहित करना है।

यह योजना ऐसे तकनीकी संस्थानों के छात्रों के लिए खुली है, जहां दूरसंचार, इलेक्ट्रॉनिक्स, कंप्यूटर, साइबर सुरक्षा या इससे संबंधित कार्यक्रम संचालित होते हैं और जिन्होंने इस योजना में भाग लेने के लिए सहमति दी है।

इस योजना को दूरसंचार विभाग के LSA क्षेत्रीय कार्यालयों के माध्यम से सभी राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों में लागू किया गया है। वर्तमान में 200 से अधिक संस्थान इसमें भाग ले रहे हैं।

 

Follow DoT Handles for more: -

X - https://x.com/DoT_India

Insta- https://www.instagram.com/department_of_telecom?igsh=MXUxbHFjd3llZTU0YQ==

Fb - https://www.facebook.com/DoTIndia

Youtube: https://youtube.com/@departmentoftelecom?si=DALnhYkt89U5jAaa

*****

पीके/केसी/वीएस/डीए


(रिलीज़ आईडी: 2298628) आगंतुक पटल : 135
इस विज्ञप्ति को इन भाषाओं में पढ़ें: Urdu , English