रसायन एवं पेट्रो-रसायन विभाग
azadi ka amrit mahotsav

केंद्रीय मंत्री जे. पी. नड्डा ने मुंबई में 14वें इंडिया केम 2026 का उद्घाटन किया

प्रधानमंत्री श्री नरेन्‍द्र मोदी ने अपने संदेश में कहा- इंडिया केम 2026 से ऐसी साझेदारियों को बढ़ावा मिलेगा, जो रसायन क्षेत्र के दीर्घकालिक विकास में योगदान देंगी

श्री जे. पी. नड्डा ने कहा कि सरकार रसायन क्षेत्र के लिए सबसे अनुकूल माहौल उपलब्ध करा रही है। उन्होंने कहा कि भाव्या रसायन योजना रसायन क्षेत्र में बड़ा बदलाव लाएगी

तीन दिन के अंतरराष्ट्रीय प्रदर्शनी और सम्मेलन में उद्योग जगत के प्रमुख प्रतिनिधि, नीति निर्माता, निवेशक और वैश्विक हितधारक शामिल हो रहे हैं


इंडिया केम 2026 का उद्देश्य वैश्विक साझेदारियों को मजबूत करना, निवेश आकर्षित करना और रसायन तथा पेट्रोकेमिकल क्षेत्र में सतत विकास को बढ़ावा देना है

भारतीय रसायन उद्योग के वर्ष 2030 तक 300 अरब डॉलर और वर्ष 2040 तक एक ट्रिलियन डॉलर तक पहुंचने का अनुमान है

प्रविष्टि तिथि: 22 OCT 2026 5:05PM by PIB Delhi

केंद्रीय रसायन और उर्वरक तथा स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्री जे. पी. नड्डा ने आज मुंबई में इंडिया केम 2026 के 14वें संस्करण का उद्घाटन किया।

उद्योग जगत के प्रतिनिधियों और नीति निर्माताओं को संबोधित करते हुए श्री नड्डा ने कहा कि सरकार देश में रसायन क्षेत्र के लिए सबसे अनुकूल माहौल उपलब्ध करा रही है। उन्होंने कहा कि रसायन क्षेत्र के लिए भाव्या रसायन योजना बड़ा बदलाव लाएगी।

केंद्रीय मंत्री ने कहा कि भाव्या रसायन योजना के अंतर्गत विश्व स्तर पर प्रतिस्पर्धी रसायन विनिर्माण केंद्र विकसित करने के लिए बंदरगाहों, रेलवे, हवाई अड्डों और सड़कों से बेहतर संपर्क के साथ एकीकृत मूल्य श्रृंखला पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।

श्री नड्डा ने कहा कि वर्ष 2047 तक विकसित भारत का लक्ष्य हासिल करने में यह क्षेत्र महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। उन्होंने कहा कि इससे घरेलू उद्योगों और बहुराष्ट्रीय कंपनियों के लिए बड़े अवसर सृजित होंगे। उन्होंने कहा कि विकसित और आत्मनिर्भर भारत के लिए विश्वस्तरीय रसायन और पेट्रोकेमिकल उद्योग का मजबूत होना आवश्यक है।

https://static.pib.gov.in/WriteReadData/userfiles/image/2026/oct/image001_20261022170625_e2c577.png

श्री नड्डा ने इंडिया केम 2026 के लिए प्रधानमंत्री श्री नरेन्‍द्र मोदी का संदेश भी पढ़कर सुनाया।

प्रधानमंत्री ने अपने संदेश में कहा कि कारोबार करना आसान बनाने के प्रयासों और भारत के मुक्त व्यापार समझौतों के बढ़ते नेटवर्क से निवेश तथा अंतरराष्ट्रीय बाजारों तक पहुंच के नए अवसर खुल रहे हैं। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि भारतीय रसायन निर्माता इन अवसरों का लाभ उठाकर वैश्विक आपूर्ति श्रृंखलाओं में अपनी भागीदारी मजबूत करेंगे।

प्रधानमंत्री ने आशा व्यक्त की कि इंडिया केम 2026 सार्थक विचार-विमर्श को प्रोत्साहित करेगा और ऐसी साझेदारियों का मार्ग प्रशस्त करेगा, जो इस क्षेत्र के दीर्घकालिक विकास में योगदान देंगी।

https://static.pib.gov.in/WriteReadData/userfiles/image/2026/oct/image002_20261022170633_fc0a8d.png 

महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री श्री देवेंद्र फडणवीस, मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और ओडिशा के मुख्यमंत्री श्री मोहन चरण माझी ने भी कार्यक्रम को संबोधित किया। उन्होंने उद्योग और व्यापार जगत के प्रतिनिधियों से अपने-अपने राज्यों में रसायन और पेट्रोकेमिकल क्षेत्र में उपलब्ध निवेश अवसरों का लाभ उठाने का आग्रह किया।

श्री फडणवीस ने कहा कि रसायन उद्योग महाराष्ट्र के लिए बहुत महत्वपूर्ण है और इससे लगभग तीन लाख लोगों को रोजगार मिलता है। उन्होंने बताया कि महाराष्ट्र कारोबार को आसान बनाने पर केंद्रित और भविष्य की जरूरतों के अनुरूप निवेश अनुकूल नीति तैयार कर रहा है।

मध्य प्रदेश और ओडिशा के मुख्यमंत्रियों ने उद्योग जगत से अपनी निवेश अनुकूल नीतियों और रसायन उद्योग के लिए उपलब्ध बुनियादी ढांचे का लाभ उठाने का आह्वान किया।

इस अवसर पर केंद्रीय स्वास्थ्य और परिवार कल्याण तथा रसायन और उर्वरक राज्य मंत्री अनुप्रिया पटेल ने कहा कि रसायन और पेट्रोकेमिकल उद्योग बुनियादी जरूरतों को पूरा करने तथा जीवन की गुणवत्ता बेहतर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।

https://static.pib.gov.in/WriteReadData/userfiles/image/2026/oct/image003_20261022170640_a089c4.png 

उन्होंने उद्योग जगत के प्रतिनिधियों से सरकार की ओर से उपलब्ध कराए जा रहे प्रोत्साहनों और अवसरों का लाभ उठाने का आग्रह किया। केंद्रीय मंत्री ने बताया कि सरकार ने तीन नए समर्पित रसायन पार्कों के लिए भारत औद्योगिक विकास योजना (भाव्या) शुरू की है। उन्होंने उद्योग जगत और राज्य सरकारों से इस योजना को साकार करने के लिए मिलकर काम करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि योजना के क्रियान्वयन में राज्यों की महत्वपूर्ण भूमिका होगी।

रसायन एवं पेट्रोकेमिकल विभाग के सचिव तेजवीर सिंह ने उद्घाटन समारोह में कार्यक्रम के उद्देश्यों की जानकारी दी।

उन्होंने कहा कि सम्मेलन में विभिन्न उपक्षेत्रों पर केंद्रित समूह चर्चाओं के माध्यम से भारत के रसायन और पेट्रोकेमिकल क्षेत्र के विकास तथा भविष्य की रणनीति पर विचार-विमर्श किया जाएगा।

https://static.pib.gov.in/WriteReadData/userfiles/image/2026/oct/image004_20261022170648_1d0f39.png 

श्री सिंह ने आशा व्यक्त की कि अगले दो दिनों में होने वाली चर्चाएं और संवाद कारोबार से कारोबार के बीच संपर्क तथा सहयोग के लिए एक व्यवस्थित मंच उपलब्ध कराएंगे।

इंडिया केम 2026 के उद्घाटन सत्र में भारतीय वाणिज्य और उद्योग महासंघ (फिक्की) और अर्न्स्ट एंड यंग (ईवाई) की ओर से संयुक्त रूप से तैयार ज्ञान संबंधी एक रिपोर्ट भी जारी की गई।

केंद्रीय मंत्री श्री नड्डा ने नेस्को स्थित बॉम्बे एग्जिबिशन सेंटर में इंडिया केम 2026 की अंतरराष्ट्रीय प्रदर्शनी का भी उद्घाटन किया। इसमें रसायन, पेट्रोकेमिकल, प्रक्रिया संयंत्रों की मशीनों और उपकरणों सहित विभिन्न उत्पादों, तकनीकों और सेवाओं का प्रदर्शन किया गया है।

श्री नड्डा ने अन्य गणमान्य व्यक्तियों के साथ प्रदर्शनी में विभिन्न स्टॉलों का दौरा किया और उद्योग जगत के प्रतिनिधियों से बातचीत की।

https://static.pib.gov.in/WriteReadData/userfiles/image/2026/oct/image005_20261022170658_2fa3db.png 

रसायन और उर्वरक मंत्रालय के रसायन और पेट्रोकेमिकल विभाग और फिक्की के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित यह तीन दिन का र्यक्रम एक अंतरराष्ट्रीय प्रदर्शनी और सम्मेलन है। इसमें रसायन और पेट्रोकेमिकल क्षेत्र के प्रमुख हितधारक, उद्योग जगत के प्रतिनिधि, नीति निर्माता, निवेशक, शोधकर्ता और अंतरराष्ट्रीय प्रतिभागी शामिल हो रहे हैं।

‘एडवांटेज भारत: उभरता वैश्विक रसायन केंद्र’ विषय पर आयोजित इंडिया केम 2026 घरेलू और अंतरराष्ट्रीय हितधारकों को जानकारी साझा करने, रणनीतिक साझेदारियां बनाने, निवेश की संभावनाएं तलाशने और पारस्परिक लाभ के कारोबारी अवसरों की पहचान करने के लिए साझा मंच प्रदान करता है।

भारत के साथ आर्थिक सहयोग को मजबूत करने के उद्देश्य से जापान इस आयोजन का साझेदार देश बना है। इससे रसायन और पेट्रोकेमिकल क्षेत्र में सहयोग के नए अवसर खुलेंगे।

महाराष्ट्र, गुजरात, ओडिशा, मध्य प्रदेश, बिहार, आंध्र प्रदेश और उत्तर प्रदेश इस आयोजन के साझेदार राज्य हैं। इससे क्षेत्र के विकास, निवेश और औद्योगिक प्रगति को आगे बढ़ाने में राज्यों की बढ़ती भूमिका का पता चलता है।

इस 14वें संस्करण की एक प्रमुख नई पहल इंडिया केम यूथ इनोवेशन चैलेंज है। इसका उद्देश्य युवा नवोन्मेषकों, विद्यार्थियों और उभरते उद्यमियों को रसायन और पेट्रोकेमिकल क्षेत्र की बदलती जरूरतों से जोड़ना है। इस पहल के माध्यम से उद्योग की चुनौतियों के लिए नवाचार, शोध पर आधारित और व्यावहारिक समाधान विकसित करने को प्रोत्साहित किया जाएगा।

भारतीय रसायन उद्योग के वर्ष 2030 तक 300 अरब डॉलर और वर्ष 2040 तक एक ट्रिलियन डॉलर तक पहुंचने का अनुमान है। घरेलू मांग में वृद्धि, निर्यात के बढ़ते अवसर, भारत की बड़ी युवा आबादी, प्रति व्यक्ति अपेक्षाकृत कम खपत और सरकार की सहायक पहलों से इस क्षेत्र के विकास की संभावनाएं मजबूत हुई हैं।

इस आयोजन में जापान, अमरीका, कनाडा, ब्रिटेन, यूरोपीय संघ के देशों, लैटिन अमरीका, दक्षिण कोरिया और आसियान देशों सहित कई देशों के प्रतिनिधि शामिल हो रहे हैं।

इस कार्यक्रम में भारत और विदेशों के 200 से अधिक प्रदर्शक, देश-विदेश से आठ हजार से अधिक कारोबारी आगंतुक और 50 प्रमुख भरतीय तथा अंतरराष्ट्रीय कंपनियों के मुख्य कार्यकारी अधिकारी शामिल हो रहे हैं।

इंडिया केम 2026 से वैश्विक विशेषज्ञता को भारत की विनिर्माण क्षमता, निवेश की संभावनाओं और सतत औद्योगिक विकास की प्रतिबद्धता से जोड़कर ‘एडवांटेज भारत: उभरता वैश्विक रसायन केंद्र’ के लक्ष्य को आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण योगदान मिलने की उम्मीद है।

अधिक जानकारी के लिए देखें: www.indiachem.in

कार्यक्रम का यूट्यूब लिंक: https://youtube.com/live/qhFqeE7vBSg

****

पीके/केसी/आरटी/एसके


(रिलीज़ आईडी: 2326840) आगंतुक पटल : 54
इस विज्ञप्ति को इन भाषाओं में पढ़ें: English , Urdu , Marathi , Gujarati , Odia